“हे मेरे भाग के लूटनेवालो, तुम जो मेरी प्रजा पर आनन्द करते और फूले नहीं समाते हो, और घास चरनेवाली बछिया के समान उछलते और बलवन्त घोड़ों के समान हिनहिनाते हो,