चाहे वे उपवास भी करें, तौभी मैं इनकी दुहाई न सुनूँगा, और चाहे वे होमबलि और अन्नबलि चढ़ाएँ, तौभी मैं उन से प्रसन्न न होऊँगा; मैं तलवार, महँगी और मरी के द्वारा इनका अन्त कर डालूँगा।”