किसी की दयादृष्टि तुझ पर नहीं हुई कि इन कामों में से तेरे लिए एक भी काम किया जाता; वरन् अपने जन्म के दिन तू घृणित होने के कारण खुले मैदान में फेंक दी गई थी।