उन दिनों में जब तुम इस देश में बढ़ो, और फूलो–फलो, तब लोग फिर ऐसा न कहेंगे, ‘यहोवा की वाचा का सन्दूक’; यहोवा की यह भी वाणी है। उसका विचार भी उनके मन में न आएगा, न लोग उसके न रहने से चिन्ता करेंगे; और न उसकी मरम्मत होगी।