“फिर जितने दिन उसने न्यारे रहने की मन्नत मानी हो उतने दिन तक वह अपने सिर पर छुरा न फिराए; और जब तक वे दिन पूरे न हों, जिनमें वह यहोवा के लिये न्यारा रहे, तब तक वह पवित्र ठहरेगा, और अपने सिर के बालों को बढ़ाए रहे।