तब वे मिस्पा में इकट्ठा हुए, और जल भर के यहोवा के सामने उंडेल दिया, और उस दिन उपवास किया, और वहाँ कहने लगे, “हम ने यहोवा के विरुद्ध पाप किया है।” और शमूएल ने मिस्पा में इस्राएलियों का न्याय किया।