पवित्र बाइबिल
पुराना नियम
लैव्यव्यवस्था
अध्याय 9
- Verse 1: आठवें दिन मूसा ने हारून और उसके पुत्रों को और इस्राएली पुरनियों को बुलवाकर हारून से कहा,
- Verse 2: “पापबलि के लिये एक निर्दोष बछड़ा, और होमबलि के लिये एक निर्दोष मेढ़ा लेकर यहोवा के सामने भेंट चढ़ा।
- Verse 3: और इस्राएलियों से यह कह, ‘तुम पापबलि के लिये एक बकरा, और होमबलि के लिये एक बछड़ा और एक भेड़ का बच्चा लो, जो एक वर्ष के हों और निर्दोष हों,
- Verse 4: और मेलबलि के लिये यहोवा के सम्मुख चढ़ाने के लिये एक बैल और एक मेढ़ा, और तेल से सने हुए मैदे का एक अन्नबलि भी ले लो; क्योंकि आज यहोवा तुम को दर्शन देगा’।”
- Verse 5: और जिस जिस वस्तु की आज्ञा मूसा ने दी उन सब को वे मिलापवाले तम्बू के आगे ले आए; और सारी मण्डली समीप जाकर यहोवा के सामने खड़ी हुई।
- Verse 6: तब मूसा ने कहा, “यह वह काम है जिसके करने के लिये यहोवा ने आज्ञा दी है कि तुम उसे करो; और यहोवा की महिमा का तेज तुम को दिखाई पड़ेगा।”
- Verse 7: तब मूसा ने हारून से कहा, “यहोवा की आज्ञा के अनुसार वेदी के समीप जाकर अपने पापबलि और होमबलि को चढ़ाकर अपने और सब जनता के लिये प्रायश्चित्त कर; और जनता के चढ़ावे को भी चढ़ाकर उनके लिये प्रायश्चित्त कर।”
- Verse 8: इसलिये हारून ने वेदी के समीप जाकर अपने पापबलि के बछड़े का बलिदान किया।
- Verse 9: और हारून के पुत्र लहू को उसके पास ले गए, तब उसने अपनी उंगली को लहू में डुबाकर वेदी के सींगों पर लहू को लगाया, और शेष लहू को वेदी के पाए पर उंडेल दिया;
- Verse 10: और पापबलि में की चरबी और गुर्दों और कलेजे पर की झिल्ली को उसने वेदी पर जलाया, जैसा यहोवा ने मूसा को आज्ञा दी थी।
- Verse 11: और मांस और खाल को उसने छावनी से बाहर आग में जलाया।
- Verse 12: तब होमबलिपशु का बलिदान किया; और हारून के पुत्रों ने लहू को उसके हाथ में दिया, और उसने उसको वेदी पर चारों ओर छिड़क दिया।
- Verse 13: तब उन्होंने होमबलिपशु को टुकड़े टुकड़े करके सिर सहित उसके हाथ में दे दिया और उसने उनको वेदी पर जला दिया।
- Verse 14: और उसने अंतड़ियों और पाँवों को धोकर वेदी पर होमबलि के ऊपर जलाया।
- Verse 15: तब उस ने लोगों के चढ़ावे को आगे लेकर और उस पापबलि के बकरे को जो उनके लिये था लेकर उसका बलिदान किया, और पहले के समान उसे भी पापबलि करके चढ़ाया।
- Verse 16: और उसने होमबलि को भी समीप ले जाकर विधि के अनुसार चढ़ाया।
- Verse 17: और अन्नबलि को भी समीप ले जाकर उसमें से मुट्ठी भर वेदी पर जलाया, यह भोर के होमबलि के अलावा चढ़ाया गया।
- Verse 18: बैल और मेढ़ा, अर्थात् जो मेलबलिपशु जनता के लिये थे वे भी बलि किये गए; और हारून के पुत्रों ने लहू को उसके हाथ में दिया, और उसने उसको वेदी पर चारों ओर छिड़क दिया;
- Verse 19: और उन्होंने बैल की चरबी को, और मेढ़े में से मोटी पूंछ को, और जिस चरबी से अंतड़ियाँ ढपी रहती हैं उसको, और गुर्दों सहित कलेजे पर की झिल्ली को भी उसके हाथ में दिया;
- Verse 20: और उन्होंने चरबी को छातियों पर रखा; और उसने वह चरबी वेदी पर जलाई,
- Verse 21: परन्तु छातियों और दाहिनी जाँघ को हारून ने मूसा की आज्ञा के अनुसार हिलाने की भेंट के लिये यहोवा के सामने हिलाया।
- Verse 22: तब हारून ने लोगों की ओर हाथ बढ़ाकर उन्हें आशीर्वाद दिया; और पापबलि, होमबलि, और मेलबलियों को चढ़ाकर वह नीचे उतर आया।
- Verse 23: तब मूसा और हारून मिलापवाले तम्बू में गए, और निकलकर लोगों को आशीर्वाद दिया; तब यहोवा का तेज सारी जनता को दिखाई दिया।
- Verse 24: और यहोवा के सामने से आग निकली और चरबी सहित होमबलि को वेदी पर भस्म कर दिया; इसे देखकर जनता ने जय जयकार का नारा लगाया और अपने अपने मुँह के बल गिरकर दण्डवत् किया।